यूपीएससी ने सिविल सर्विसेज मुख्य परीक्षा 2025 के लिए इंटरव्यू का नया शेड्यूल जारी किया है, जिसमें फेज-1 दिसंबर में पूरा हो चुका है और फेज-2 जनवरी से फरवरी तक चलेगा, कुछ कैंडिडेट्स के लिए 27 फरवरी तक पोस्टपोनमेंट के साथ। कैंडिडेट्स को ई-समन लेटर डाउनलोड करने, डॉक्यूमेंट्स तैयार करने और पर्सनैलिटी टेस्ट की रणनीति पर फोकस करने की सलाह दी गई है, जिसमें 275 मार्क्स का वेटेज है।
यूपीएससी ने सिविल सर्विसेज (मेन) एग्जामिनेशन 2025 के लिए पर्सनैलिटी टेस्ट का अपडेटेड शेड्यूल जारी कर दिया है, जिसमें कुल 2856 कैंडिडेट्स को शामिल किया गया है। फेज-1 में 649 कैंडिडेट्स के इंटरव्यू दिसंबर में संपन्न हो चुके हैं, जबकि फेज-2 में 2107 कैंडिडेट्स के लिए सेशन जनवरी से शुरू होकर फरवरी तक चलेंगे। हाल ही में कुछ सेशन को पोस्टपोन कर 27 फरवरी तक बढ़ाया गया है, जिससे प्रभावित कैंडिडेट्स को नई तारीखों पर कॉल लेटर मिलेंगे। यह बदलाव कैंडिडेट्स की सुविधा और लॉजिस्टिकल इश्यूज को ध्यान में रखकर किया गया है, जो यूपीएससी की पारदर्शिता को दर्शाता है।
इंटरव्यू प्रोसेस में कैंडिडेट्स को दिल्ली स्थित यूपीएससी भवन में रिपोर्ट करना होता है, जहां फॉरनून और आफ्टरनून सेशन में विभाजित किया जाता है। फॉरनून सेशन के लिए रिपोर्टिंग टाइम सुबह 9 बजे है, जबकि आफ्टरनून सेशन के लिए दोपहर 1 बजे। प्रत्येक कैंडिडेट को ई-समन लेटर के माध्यम से स्पेसिफिक टाइम स्लॉट अलॉट किया जाता है, जिसमें रोल नंबर, डेट और सेशन डिटेल्स शामिल होते हैं। यदि कोई कैंडिडेट लेट होता है, तो उनका इंटरव्यू कैंसल हो सकता है, इसलिए ट्रैफिक और मौसम को ध्यान में रखकर पहले पहुंचना जरूरी है।
पर्सनैलिटी टेस्ट में बोर्ड मेंबर्स कैंडिडेट्स की मेंटल अलर्टनेस, क्रिटिकल थिंकिंग, लीडरशिप क्वालिटी और एथिकल वैल्यूज का आकलन करते हैं। यह स्टेज 275 मार्क्स का होता है, जो फाइनल मेरिट लिस्ट में मुख्य परीक्षा के 1750 मार्क्स के साथ जोड़ा जाता है। पिछले साल के ट्रेंड्स से पता चलता है कि हाई स्कोरिंग कैंडिडेट्स ने करंट अफेयर्स, DAF (डिटेल्ड एप्लीकेशन फॉर्म) बेस्ड क्वेश्चन्स और रीजनल इश्यूज पर मजबूत ग्रिप दिखाई। उदाहरण के लिए, इंटरनेशनल रिलेशंस पर सवाल जैसे भारत-चीन बॉर्डर इश्यू या क्लाइमेट चेंज पॉलिसी पर डिस्कशन कॉमन रहते हैं।
कैंडिडेट्स को सलाह दी जाती है कि वे अपने DAF को अच्छी तरह रिव्यू करें, क्योंकि 60-70% सवाल इसी से जुड़े होते हैं। जैसे, यदि होबीज सेक्शन में क्रिकेट लिखा है, तो बोर्ड हाल के ICC टूर्नामेंट्स या स्पोर्ट्स पॉलिसी पर पूछ सकता है। इसी तरह, एजुकेशनल बैकग्राउंड से रिलेटेड टेक्निकल क्वेश्चन्स जैसे इंजीनियरिंग ग्रेजुएट्स के लिए AI इन गवर्नेंस या मेडिकल बैकग्राउंड वालों के लिए हेल्थकेयर रिफॉर्म्स पर फोकस रहता है।
इंटरव्यू शेड्यूल की मुख्य डिटेल्स (टेबल फॉर्मेट में)
| फेज | कैंडिडेट्स की संख्या | अवधि | रिपोर्टिंग टाइम | नोट्स |
|---|---|---|---|---|
| फेज-1 | 649 | 8 दिसंबर से 19 दिसंबर तक | फॉरनून: 9 AM, आफ्टरनून: 1 PM | सभी सेशन पूरे हो चुके हैं, रिजल्ट्स जल्द जारी हो सकते हैं। |
| फेज-2 | 2107 | 5 जनवरी से 27 फरवरी तक | फॉरनून: 9 AM, आफ्टरनून: 1 PM | कुछ सेशन 27 फरवरी तक पोस्टपोन, प्रभावित कैंडिडेट्स को ईमेल नोटिफिकेशन मिलेगा। |
| कुल | 2856 | दिसंबर से फरवरी तक | – | पोस्टपोनमेंट के कारण कुल अवधि बढ़ी, कैंडिडेट्स को ट्रैवल प्लान अपडेट करें। |
इस शेड्यूल में पोस्टपोनमेंट का मुख्य कारण बोर्ड मेंबर्स की उपलब्धता और कैंडिडेट्स की बड़ी संख्या है, जो यूपीएससी की बढ़ती कॉम्पिटिशन को दिखाता है। इस साल मुख्य परीक्षा में क्वालीफाई करने वाले कैंडिडेट्स की संख्या पिछले साल से 15% अधिक है, जो सिविल सर्विसेज में बढ़ते इंटरेस्ट को इंडिकेट करता है। कैंडिडेट्स को सलाह है कि वे UPSC पोर्टल पर रेगुलर चेक करें, क्योंकि कोई भी चेंज ई-समन लेटर के जरिए सूचित किया जाता है।
पर्सनैलिटी टेस्ट की तैयारी के लिए की पॉइंट्स
करंट अफेयर्स पर फोकस : पिछले 6 महीनों के न्यूज जैसे बजट 2025-26, NEP इंप्लीमेंटेशन या डिजिटल इंडिया इनिशिएटिव्स को कवर करें। उदाहरण के लिए, EV पॉलिसी पर डिबेट में भारत की 30% EV एडॉप्शन टारगेट का जिक्र करें।
DAF एनालिसिस : अपनी स्ट्रेंग्थ्स और वीकनेस को लिस्ट करें। यदि वर्क एक्सपीरियंस है, तो रियल-लाइफ एग्जांपल्स जैसे प्रोजेक्ट मैनेजमेंट या टीम लीडरशिप से कनेक्ट करें।
मॉक इंटरव्यूज : कम से कम 5-7 मॉक सेशन लें, जहां एक्सपर्ट्स फीडबैक दें। कॉमन मिस्टेक्स जैसे नर्वस बॉडी लैंग्वेज या अनस्ट्रक्चर्ड आंसर्स से बचें।
एथिकल डिलेमा : सवाल जैसे “कोई पॉलिसी इंप्लीमेंटेशन में करप्शन का सामना कैसे करें?” पर बैलेंस्ड व्यू दें, जो इंटीग्रिटी दिखाए।
रीजनल नॉलेज : यदि उत्तर भारत से हैं, तो Ganga रिवर पॉल्यूशन या फार्मर्स प्रोटेस्ट पर अपडेट रहें; साउथ से तो ISRO मिशन्स या कोस्टल इकोनॉमी पर।
मेंटल हेल्थ : स्ट्रेस मैनेजमेंट के लिए मेडिटेशन या योगा करें, क्योंकि इंटरव्यू 30-45 मिनट तक चल सकता है।
ड्रेस कोड : फॉर्मल अटायर जैसे सूट या साड़ी चुनें, जो प्रोफेशनल इमेज दे। पुरुषों के लिए टाई ऑप्शनल लेकिन क्लीन शेव जरूरी।
इंटरव्यू में बोर्ड मेंबर्स रिटायर्ड IAS, IPS या एकेडमिक एक्सपर्ट्स होते हैं, जो कैंडिडेट्स की ओपिनियन को चैलेंज करते हैं। उदाहरण के लिए, यदि क्लाइमेट चेंज पर पूछा जाए, तो Paris Agreement के तहत भारत के NDC (Nationally Determined Contributions) का रेफरेंस दें, जिसमें 50% रिन्यूएबल एनर्जी टारगेट शामिल है। इसी तरह, इकोनॉमिक इश्यूज पर GDP ग्रोथ रेट (वर्तमान में 7.5% अनुमानित) या इन्फ्लेशन कंट्रोल पर डिस्कस करें।
कैंडिडेट्स को जरूरी डॉक्यूमेंट्स जैसे ओरिजिनल सर्टिफिकेट्स, फोटो ID, TA फॉर्म और मेडिकल सर्टिफिकेट तैयार रखने चाहिए। यदि कोई डिसेबिलिटी है, तो स्पेशल अरेंजमेंट्स के लिए एडवांस रिक्वेस्ट करें। पिछले साल के टॉपर्स से सीखें कि कॉन्फिडेंस और क्लैरिटी हाई स्कोर (200+ मार्क्स) दिलाती है। जैसे, AIR-1 कैंडिडेट ने अपने इंटरव्यू में रूरल डेवलपमेंट पर पर्सनल एक्सपीरियंस शेयर किया, जो इम्प्रेसिव रहा।
पोस्ट-इंटरव्यू प्रोसेस
फाइनल रिजल्ट्स इंटरव्यूज कंप्लीट होने के 1-2 महीने बाद जारी होते हैं, जिसमें मेरिट लिस्ट बेस्ड ऑन टोटल मार्क्स होती है। सक्सेसफुल कैंडिडेट्स को सर्विस अलॉटमेंट जैसे IAS, IPS या IFS मिलता है, जो प्रेफरेंस और रैंक पर डिपेंड करता है। यदि कोई डिस्क्वालिफिकेशन होता है, तो रीजन स्पेसिफाइड होता है, जैसे डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन फेलियर। कैंडिडेट्स को अपील का ऑप्शन मिलता है, लेकिन सक्सेस रेट लो रहता है।
इस अपडेटेड शेड्यूल से कैंडिडेट्स को अतिरिक्त तैयारी टाइम मिला है, जो उनके परफॉर्मेंस को बूस्ट कर सकता है। यूपीएससी की यह पहल कैंडिडेट-फ्रेंडली अप्रोच को हाइलाइट करती है, खासकर पोस्ट-COVID एडजस्टमेंट्स के बाद।
Disclaimer: यह रिपोर्ट विभिन्न रिपोर्ट्स, टिप्स और सोर्सेज पर आधारित है।


