पीएम मोदी छात्रों से बात करते हुए पारिख्षा पे चर्चा 2026 इवेंट में

Pariksha Pe Charcha 2026: पीएम मोदी के इन 10 गुरुमंत्र से एग्जाम स्ट्रेस को दूर भगाएं, बोर्ड परीक्षा में टॉप करने की सीख मिलेगी

Pariksha Pe Charcha 2026 में पीएम मोदी ने छात्रों को 10 ऐसे गुरुमंत्र दिए जो एग्जाम स्ट्रेस खत्म करते हैं, समय प्रबंधन सिखाते हैं और समग्र विकास पर जोर देते हैं। इनसे छात्र आत्मविश्वास बढ़ाकर बोर्ड और कॉम्पिटिटिव एग्जाम में बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं।

पीएम मोदी के 10 गुरुमंत्र जो बदल देंगे आपकी परीक्षा तैयारी

सपना न होना अपराध है पीएम ने कहा, “सपना न होना अपराध है। सपना देखो, लेकिन सिर्फ गुनगुनाने से काम नहीं चलेगा। एक्शन को जीवन में सर्वोपरि मानो।” सपने लिखो, उन्हें छोटे-छोटे लक्ष्यों में बांटो और रोज एक कदम बढ़ाओ।

अपना स्टडी पैटर्न खुद पर भरोसा रखो “सबकी सलाह सुनो, लेकिन पैटर्न तभी बदलो जब तुम चाहो। मैं पीएम बन गया हूं, फिर भी लोग मुझे अलग तरीके बताते हैं। लेकिन हर किसी का अपना पैटर्न होता है।” सुबह पढ़ने वाले सुबह पढ़ें, रात पढ़ने वाले रात पढ़ें। जो सूट करता है, उसी पर भरोसा रखो।

रात को कल के टास्क लिखो, सुबह चेक करो समय प्रबंधन का सबसे आसान तरीका: सोने से पहले डायरी में लिखो – कल क्या-क्या करना है। अगले दिन टिक मार्क लगाओ और बचे काम पर सोचो। इससे प्रेशर और थकान दोनों कम होती है।

लाइफ स्किल्स और प्रोफेशनल स्किल्स दोनों जरूरी “दो तरह की स्किल्स हैं – जीवन कौशल और व्यावसायिक कौशल। दोनों पर फोकस करो। स्किल की शुरुआत ज्ञान से होती है।” किताबें ज्ञान देती हैं, लेकिन सिर्फ प्रैक्टिस से प्रोफेशनल स्किल आती है।

पढ़ाई, रेस्ट, हॉबी और स्किल्स में बैलेंस बनाओ “जीवन में हर चीज में बैलेंस चाहिए। एक तरफ ज्यादा झुकोगे तो गिर जाओगे।” पढ़ाई के साथ 7-8 घंटे सोना, 30 मिनट वॉक या योग, और हॉबी (गेमिंग भी अगर स्मार्ट तरीके से) जरूरी है।

टीचर्स से हमेशा एक स्टेप आगे रहो टीचर को स्टूडेंट्स से सिर्फ एक कदम आगे रखना चाहिए। छात्र टॉपिक पहले पढ़ लें, तो क्लास में क्यूरियोसिटी बढ़ती है और समझ गहरी होती है।

गोल पहुंच में रखो लेकिन आसान मत बनाओ “गोल्स पहुंच में होने चाहिए लेकिन आसानी से हासिल न हों। एम (Aim) करो और एक्ट (Act) करो।” यह मोटिवेशन बनाए रखता है।

पास्ट पर मत रुको, आगे देखो “पिछले पर समय मत बर्बाद करो। जो सामने है, उसी में जीयो।” पिछले एग्जाम या गलतियों पर मत सोचो।

एग्जाम लाइफ का अंत नहीं, खुद को जांचने का मौका “एग्जाम सिर्फ मार्क्स के लिए नहीं। एजुकेशन लाइफ के लिए है। एग्जाम खुद को एक्जामिन करने का मौका है। एग्जाम को उत्सव की तरह मनाओ।”

एआई को समझदारी से इस्तेमाल करो “टेक्नोलॉजी वरदान है। एआई को गले लगाओ, लेकिन बुद्धिमानी से। एआई से सिर्फ समरी मत बनवाओ, इससे अपनी विजडम बढ़ाओ।”

समय प्रबंधन और स्ट्रेस मैनेजमेंट के व्यावहारिक टिप्स

रोज 4-5-6 ब्रीदिंग: 4 सेकंड अंदर, 4 होल्ड, 5 बाहर।

50 मिनट पढ़ाई + 10 मिनट ब्रेक (पोमोडोरो)।

पिछले साल के पेपर हल करो, माइंड मैप बनाओ।

हॉबी को प्रोडक्ट में बदलो (जैसे गेमिंग से स्पीड और फोकस सुधारो) और फ्री शेयर करो – फीडबैक से नए आइडिया मिलेंगे।

छात्रों के लिए खास सलाह

2047 में तुम 35-40 साल के होगे – विकसित भारत बनाने में अपना योगदान दो।

स्वदेशी प्रोडक्ट खरीदो, साफ-सफाई को प्राथमिकता दो।

डर को ताकत में बदलो – बायोग्राफी पढ़ो, आत्मविश्वास अंदर से आता है।

माता-पिता और टीचर्स के लिए

बच्चों को उनकी रुचि के अनुसार खिलने दो, तुलना मत करो।

टीचर्स पूरे सिलेबस और रियल लाइफ कनेक्शन सिखाएं, सिर्फ मार्क्स पर फोकस न करें।

Disclaimer यह न्यूज रिपोर्ट और पीएम मोदी के सार्वजनिक उद्धरणों पर आधारित है। दिए गए टिप्स सामान्य सलाह हैं, व्यक्तिगत स्वास्थ्य या पढ़ाई संबंधी समस्या के लिए विशेषज्ञ से सलाह लें।

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